Saturday, 27 July 2013

नगर निगम के सपनों पर एटूजेड का पलीता


NEWS DESK कानपुर :at news war media - नगर आयुक्त नरेंद्र कुमार सिंह चौहान के आदेश के बाद भी शहर की सफाई व्यवस्था ध्वस्त है। चेतावनी के बाद भी एटूजेड पर कोई असर नहीं पड़ा है। चौतरफा फैली गंदगी सफाई की पोल खोल रही है। हालात यह हैं कि सड़क पर लोग नाक पर रूमाल रखकर निकलते हैं। बारिश में बजबजा रही गंदगी महामारी को न्योता दे रही है। नगर आयुक्त ने बीती पांच जुलाई को एटूजेड को चेतावनी दी थी कि कार्यप्रणाली सुधार लें नहीं तो करार समाप्त कर दिया जाएगा, लेकिन व्यवस्था सुधरने के बजाय ध्वस्त हो गई। कई जगह खुद नगर आयुक्त ने कूड़ा भरे कंटेनर व गंदगी पकड़ी। एटूजेड के कर्मचारी हर माह यूजर चार्ज वसूलने पहुंच जाते हैं, लेकिन कूड़ा उठाने रोज नहीं उठाते हैं। कूड़ाघरों के बाहर फैली गंदगी में आवारा जानवर मडराते रहते हैं। रोज निकलने वाले 1250 मीट्रिक टन कूड़े में 1150 मीट्रिक टन कूड़ा उठाने का दावा कर रहे हैं, जबकि केवल उतना ही कूड़ा उठाया जा रहा है जितने की खपत भाऊसिंह पनकी स्थित डंपिंग ग्राउंड में हो सके। कूड़ा उठाने की व्यवस्था 0 घर-घर से लेकर डंपिंग ग्राउंड तक पहुंचाने की जिम्मेदारी एटूजेड की 0 1400 हेल्पर, रहते 1200 0 निकलता साढ़े 12 सौ मीट्रिक टन उठता, साढ़े 11 सौ मीट्रिक टन 0 कूड़े के लिए लगे वाहन 147 0 डेढ़ लाख उपभोक्ता दे रहें 76 लाख यहां फैली रहती गंदगी- लोहारन भंट्टा, काकादेव, स्वरूप नगर, जवाहर नगर, सर्वोदय नगर, रावतपुर, कल्याणपुर, श्यामनगर, आवास विकास योजना तीन कल्याणपुर, शास्त्रीनगर, विजय नगर। मुख्यमंत्री का भी डर नहीं नगर निगम के स्वास्थ्य अफसरों को जब मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का डर नहीं है तो अंदाजा लगा सकते हैं कि शहर का क्या हाल होगा। 15 जुलाई को मुख्यमंत्री के जाने वाले रास्ते को ही साफ नहीं कराया गया। उड़ती धूल के बीच मुख्यमंत्री की फ्लीट निकली थी। 5000 सफाई कर्मी फिर भी नालियां चोक नगर निगम के पास पांच हजार सफाई कर्मचारी हैं। इनको अब नालियों व सड़क पर फैली गंदगी साफ करनी है, लेकिनयह भी नहीं कर रहे हैं। नगर आयुक्त के तमाम प्रयास के बाद भी नाली व गलीपिट चोक पड़ी हैं। इसके चलते बारिश में जगह-जगह जलभराव हो गया। तमाम कर्मचारी अपनी जगह निजी कर्मचारी लगा खुद अन्य जगह कामकर पगार उठा रहे हैं। क्या कहते हैं जिम्मेदार जनता व नगर निगम का सहयोग नहीं मिल रहा है गंदगी पड़ने के बाद फिर डाल दी जाती है। कंटेनर में कूड़ा डालने के बजाए सफाई कर्मचारी सड़क पर गंदगी डाल देते हैं जिसे उठाने में दिक्कत आती है। - अनिल सिंदूर जनसंपर्क अधिकारी एटूजेड एटूजेड पूरा कूड़ा नहीं उठा पा रहा है। इस बाबत नगर आयुक्त को लिखा है। सफाई कर्मचारी कंटेनर में ही कूड़ा डाल रहे हैं। गंदगी न उठने के कारण फैल जाती है। लापरवाही पर संबंधित सफाई कर्मी पर कार्रवाई की जाती है। मुख्यमंत्री के मामले में कार्रंवाई की जा रही है। - डॉ एलके तिवारी, मुख्य नगर स्वास्थ्य अधिकारी, नगर निगम

No comments:

Post a Comment